यूजीसी रेगुलेशन लागू करने की मांग को लेकर पटना में प्रदर्शन पुलिस ने भांजी लाठियां
यूजीसी रेगुलेशन लागू करने की मांग को लेकर पटना में प्रदर्शन

पुलिस ने भांजी लाठियां
जे टी न्यूज, पटना: यूजीसी रेगुलेशन लागू करने की मांग को लेकर बुधवार को आईसा के बैनर तले छात्र पटना की सड़कों पर उतरे। छात्रों के प्रदर्शन के दौरान हालात उस समय बिगड़ गए, जब पुलिस ने उन्हें जेपी गोलबंर से आगे बढ़ने से रोक दिया। पुलिस के रोकने के बाद भी छात्र नहीं माने। उन्होंने बैरिकेडिंग तोड़ दी और आगे बढ़ने की कोशिश की। इसके बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई। डाकबंगला इलाके में पुलिस ने फिर से बैरिकेडिंग कर छात्रों को रोकने की कोशिश की। कुछ छात्र बैरिकेडिंग पर चढ़ गए। वहीं कई छात्र सड़क पर बैठ गए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। इस दौरान पुलिस और छात्रों के बीच हल्की नोकझोंक हुई। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया। प्रदर्शन में शामिल छात्रों ने कहा कि कॉलेजों में भेदभाव और अपमान अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। एक छात्र ने कहा कि वे अपने भविष्य के लिए लड़ रहे हैं। इस प्रदर्शन में छात्र संगठन आईसा और भीम सेना के कार्यकर्ता शामिल थे। माले नेता दिव्या गौतम भी समर्थकों के साथ मौके पर मौजूद रहीं। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग है कि बिहार में यूजीसी के नये नियमों को पूरी तरह लागू किया जाए। साथ ही उच्च शिक्षण संस्थानों में एससी, एसटी, ईबीसी और बीसी वर्गों के लिए 65 फीसदी आरक्षण सुनिश्चित किया जाए।

छात्र नेताओं का कहना है कि शिक्षा और रोजगार में आरक्षण का सही पालन जरूरी है। उनका आरोप है कि कई संस्थानों में यूजीसी गाइडलाइंस लागू नहीं हो रही हैं। उल्लेखनीय है कि 29 जनवरी को सुप्रीम कोर्ट ने यूजेसी के नए नियमों पर रोक लगा दी थी। कोर्ट ने कहा था कि नियमों के प्रावधान स्पष्ट नहीं हैं और इनके दुरुपयोग की आशंका है। यूजीसी ने 13 जनवरी 2026 को संशोधित नियम जारी किए थे। एक वर्ग इन्हें जरूरी मान रहा है, जबकि दूसरा वर्ग विरोध में है।
