निर्माणाधीन फोरलेनपुल के निर्माण कार्य में गति आने की संभावना
जे टी न्यूज़, परबत्ता/खगड़िया(गीता कुमार):
प्रखंड के दक्षिणी छोर पर अवस्थित गंगा नदी के उपर अगुवानी तथा सुलतानगंज घाट के बीच विगत दस वर्षों से निर्माणाधीन फोरलेनपुल के निर्माण में अब गति आने की संभावना दिख रही है।गुरुवार को बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड के अध्यक्ष शीर्शत कपिल अशोक ने निगम तथा पथ निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ निर्माण कार्य का निरीक्षण किया।हलाँकि अभी गंगा नदी में तेजी से बढ रहे जलस्तर के कारण निर्माण कार्य पूर्ण रुप से बंद है।लेकिन माननीय पटना उच्च न्यायालय के निर्देश पर अधिकारियों की इस टीम को एक निश्चित अंतराल में निर्माण कार्य की गुणवत्ता और निरंतरता को सुनिश्चित करने का दायित्व दिया गया है।
हाईकोर्ट के निर्देश पर बिहार राज्य पुल निर्माण निगम ने काम शुरु किया है।यह पुल भागलपुर जिला के सुल्तानगंज को खगड़िया के अगुवानी घाट से जोड़ेगा।निर्माण के दौरान दो बार ढहने के कारण यह चर्चा में रहा है। अब सुल्तानगंज -अगुवानी घाट पुल का निर्माण नए डिजाइन के साथ किया जा रहा है।पटना हाईकोर्ट के निर्देश पर बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड ने इसके पुनर्निर्माण का कार्य शुरू कर दिया है। 1,710 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस पुल को अगले 18 महीने में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, जिससे उत्तर और दक्षिण बिहार के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी।पुल के क्षतिग्रस्त हिस्से, विशेष रूप से पिलर नंबर 9 के पास अब कम्पोजिट स्टील बीम और कंक्रीट डेक केबल स्टे तकनीक से बनाए जा रहे हैं।पहले चरण में एप्रोच रोड का निर्माण किया जायेगा।ताकि यातायात जल्द शुरू हो सके।आईआईटी रुड़की की तकनीकी सलाह के आधार पर नींव में सुधार और सुपर-स्ट्रक्चर का निर्माण नए डिजाइन के अनुसार हो रहा है। यह डिजाइन तीसरे पक्ष के ऑडिट से जांचा जा रहा है ताकि सुरक्षा और गुणवत्ता सुनिश्चित हो सके।30 अप्रैल 2022 और 4 जून 2023 को पुल का सुपर-स्ट्रक्चर गिरने के बाद डिजाइन में खामियां पाई गई थीं। इसके चलते हाईकोर्ट ने ठेकेदार कंपनी एसपी सिंगला को अपनी लागत पर पुनर्निर्माण का आदेश दिया था। गुणवत्ता बनाए रखने के लिए BSBCCL ने एक परियोजना क्रियान्वयन इकाई बनाई है, जिसमें अनुभवी स्ट्रक्चरल इंजीनियर और आईआईटी जैसे संस्थानों की स्वतंत्र तकनीकी टीम शामिल है।
यह टीम नियमित निरीक्षण और मार्गदर्शन देगी। निगम के अध्यक्ष मासिक समीक्षा करेंगे,जबकि प्रबंध निदेशक हर 15 दिन में साइट का दौरा करेंगे।इसी निर्णय के आलोक में गुरुवार को अधिकारियों तथा इंजीनियरों की टीम ने अगुवानी तथा सुलतानगंज घाट पर पहुँचकर स्थलीय समीक्षा किया।टीम ने निर्माण कंपनी के अधिकारियों से जानकारी लिया तथा निर्देश दिये।यह पुल भागलपुर के सुल्तानगंज को खगड़िया के अगुवानी से जोड़ेगा, जिससे दोनों जिलों के बीच की 90 किमी की दूरी घटकर मात्र 30 किमी रह जाएगी। यह उत्तर बिहार को झारखंड और बंगाल से जोड़ने में भी अहम होगा। हालांकि, बार-बार हादसों ने निर्माण गुणवत्ता और भ्रष्टाचार के आरोपों को हवा दे दी है, जिसे दूर करने के लिए अब कड़े कदम उठाए जा रहे हैं।सुल्तानगंज- अगुवानी गंगा पुल निर्माण की नयी डेडलाइन 31 मार्च 2026 निर्धारित की गयी है।पहले मार्च 2025 तक इस पुल को बनकर तैयार किया जाना था। लेकिन डेडलाइन फेल होने का सिलसिला पहले की तरह ही जारी है।


