गुलाब और उम्मीदें: दिवाकर यादव ने किया प्रियंका गांधी वाड्रा का अभिनंदन
गुलाब और उम्मीदें: दिवाकर यादव ने किया प्रियंका गांधी वाड्रा का अभिनंदन
जे टी न्यूज, पटना:

राजनीति में जब गुलाब के फूल हाथों में थमाए जाते हैं, तो यह केवल शिष्टाचार नहीं, बल्कि संदेश भी होता है। पटना एयरपोर्ट पर कांग्रेस नेता ई. कुमार दिवाकर सिंह उर्फ दिवाकर यादव ने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा का स्वागत एक गुलदस्ता देकर किया। यह क्षण केवल अभिनंदन नहीं, बल्कि बिहार की राजनीति में महिलाओं की नई भूमिका और उम्मीदों का प्रतीक माना जा रहा है।
प्रियंका गांधी वाड्रा का यह पटना दौरा बेहद अहम था। वे सीधे सदाकत आश्रम पहुँचीं, जहाँ उन्होंने आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी सेविका, जीविका दीदी और स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से संवाद किया। मंच पर खड़ी प्रियंका ने साफ कहा –
“इंडिया महागठबंधन की सरकार महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण की गारंटी है।”
शिक्षा से लेकर स्वास्थ्य, सुरक्षा से लेकर रोजगार तक – महिलाओं की समस्याओं पर उनका फोकस साफ दिखा।
*ई.कुमार दिवाकर यादव का बयान*
दिवाकर यादव ने प्रियंका का अभिनंदन करते हुए कहा –
“यह सिर्फ स्वागत नहीं, बल्कि बिहार की आधी आबादी के आत्मसम्मान का क्षण है। दशकों से उपेक्षित महिलाएँ आज प्रियंका जैसी सशक्त नेता को सामने पाकर खुद को और मज़बूत महसूस कर रही हैं।”
उन्होंने भरोसा जताया कि कांग्रेस गरीब, दलित, पिछड़े और महिलाओं की आवाज़ को और अधिक ताक़त से उठाएगी।
*गुलदस्ते से संदेश*
राजनीति के विशेषज्ञ मानते हैं कि एयरपोर्ट पर गुलाब थमाने का यह दृश्य सिर्फ सजावटी रस्म नहीं था। यह कांग्रेस की उस रणनीति का हिस्सा है, जिसमें प्रियंका गांधी वाड्रा को महिला सशक्तिकरण की आइकॉन के रूप में स्थापित किया जा रहा है।
*नतीजा*
प्रियंका गांधी के पटना दौरे ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा भर दी है। सदाकत आश्रम से उठी यह आवाज़ अब सीमांचल और मिथिलांचल की गलियों तक पहुँचेगी या नहीं – यह चुनावी मौसम का बड़ा सवाल है। लेकिन फिलहाल, गुलदस्ते से शुरू हुई यह मुलाकात, बिहार की राजनीति में नई इबारत लिखने का इशारा देती नज़र आई।




