आंदोलनकारियों से वार्ता नहीं होना संवेदनहीनता का द्योतक : डाॅ. भारती मेहता
आंदोलनकारियों से वार्ता नहीं होना संवेदनहीनता का द्योतक : डाॅ. भारती मेहता

जे टी न्यूज, मधुबनी : लदनियां प्रखंड के एसएमजे डिग्री कॉलेज खाजेडीह में शुरू धरना कार्यक्रम के 45वें दिन गुरुवार को संस्कृत शिक्षाबोर्ड की पूर्व अध्यक्षा सह प्रदेश जदयू महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्षा डाॅ. भारती मेहता ने कर्मियों को सम्बोधित किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि डेढ़ महीने से जारी धरना कार्यक्रम को काॅलेज शासीनिकाय द्वारा गंभीरता से नहीं लेना संवेदनहीनता का द्योतक है। इस धरना से छात्र,अभिभावक व काॅलेज कर्मियों का अहित हो रहा है। लोकहित में धरना को समाप्त करने तथा कर्मियों की मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक पहल करने की दिशा में वे शिक्षा विभाग के उच्चाधिकारियों से मिलकर समस्या से अवगत कराएंगी। उन्होंने शिक्षा विभाग के उच्च शिक्षा निदेशक रेखा कुमारी से दूरभाष पर बात की। धरनार्थियों की सात सूत्री मांगों कुल आमदनी के सत्तर प्रतिशत राशि को वेतन में शामिल करना मुख्य मांग है। उक्त मांगों के समर्थन में अनिश्चितकालीन धरना 45वें दिन जारी है। घरना कार्यक्रम का नेतृत्व कॉलेज शिक्षक व शिक्षकेत्तर कर्मचारी संघ के अध्यक्ष प्रो. गौरीशंकर कामत व महासचिव प्रो. भोला प्रसाद महतो कर रहे हैं। अभी तक कोई सकारात्मक वार्ता नहीं हो सकी है। धरनार्थी अपनी मांग पर अड़े हैं। कहना है कि जबतक कॉलेज शासी निकाय की ओर से सकारात्मक वार्ता नहीं होती है, तबतक धरना कार्यक्रम जारी रहेगा। धरनार्थियों ने डाॅ. मेहता को मांग पत्र सौंपा। लोगों ने काॅलेज प्रशासन के विरुद्ध जमकर नारेबाजी की।

इधर प्राचार्य प्रो.रामप्रसाद सिंह ने बताया कि डाॅ. मेहता ने उनका पक्ष नहीं लिया। धरना पर बैठने वालों में प्रो. राममूर्ति सिंह, प्रो.गौरीशंकर, भोला महतो, प्रो.शंभूनाथ, डाॅ.रामदयाल यादव, प्रो.विश्वरंजन सिंह, प्रो.शंभूनाथ यादव, डाॅ. अशोक कुमार, प्रो.हरिनारायण यादव, प्रो. सुभाष कुमार सिंह, प्रो.रेखा कुमारी, प्रो. सारिका कुमारी,प्रो.लेश कुमार सिंह, प्रो. रविन्द्र कुमार सिंह, प्रो. कामानंद प्रसाद, प्रो. शीतल मंडल, प्रो.लुचाई सिंह प्रो. देवकांत झा, प्रो. राघवेन्द्र ठाकुर, प्रो. महेन्द्र सिंह, प्रो. रामचन्द्र सिंह, प्रो. शशिभूषण सिंह, गणपति सहनी,गया प्रसाद सिंह, शंभू महतो, काशी प्रसाद सिंह, समेत अन्य काॅलेज कर्मी उपस्थित थे।
