मझौलिया प्रखण्ड पर खेतिहर मजदूरों का विशाल प्रदर्शन
मझौलिया प्रखण्ड पर खेतिहर मजदूरों का विशाल प्रदर्शन
जे टी न्यूज़, मझौलिया : आज बिहार प्रांतीय खेतिहर मजदूर यूनियन द्वारा मझौलिया अंचल पर विशाल प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन को संबोधित करते हुए बिहार राज्य खेतिहर मजदूर यूनियन के पश्चिम चम्पारण जिला सचिव प्रभुनाथ गुप्ता ने बताया कि आज बिहार की स्थिति बहुत ही खराब है। इसी साल बिहार विधानसभा का चुनाव होने जा रहा है और इस चुनाव को जीतने की नीयत से भारतीय जनता पार्टी और नरेंद्र मोदी की सरकार अपनी कठपुतली चुनाव आयोग के सहारे कमजोर वर्ग ,दलित वर्ग तथा अल्पसंख्यक समुदाय को मतदान देने से वंचित करने की काम में लगी हुई है। चुनाव आयोग 65 लाख से ज्यादा मतदाताओं का नाम वोटर लिस्ट से हटा रहा है ।ताकि भाजपा की जीत सुनिश्चित किया जा सके। आज पश्चिम चंपारण सुखाड़ की चपेट में है। धान और गन्ना की फैसले सूख गए हैं ।लेकिन अभी तक पश्चिमी चंपारण को सूखाग्रस्त क्षेत्र घोषित नहीं किया गया। आज भी बड़े पैमाने पर भूमिहीनों को 5 डिसमिल आवासीय जमीन नहीं दिया गया है। स्मार्ट मीटर लगाकर बिजली विभाग गरीबों को लूट रहा है। म . हनीफ ने बताया कि मनरेगा के माध्यम से प्रति दिन 6 सौ रुपए मजदूरी तथा 200 दिन काम की गारंटी नहीं दिया जा रहा है ।
अभी तक एम एस पी को कानूनी दर्जा नहीं दिया गया ।फसल में लागत का डेढ़ गुना दाम किसानों को नहीं मिल रहा है ।केरल के समान राशन दुकानों द्वारा 14 आइटम खाने पीने का सामान यहां की जनता को नहीं मिल रहा है ।ढाई हजार रुपए बूढ़े लोगों को केरल के समान पेंशन नहीं दिया जा रहा है। इस तरीके से यह सरकार लगातार आम जनता को लूट रही है। जौकटिया चौक से उत्तर कोहड़ा नदी तक सड़क और नाले को अभी तक बनया गया। सीटू जिला सचिव शंकर कुमार राव ने कहा कि पश्चिम चंपारण में 6 चीनी मिले थी। जिसमें से पांच चीनी मिलें चल रही है। हमने लगातार सरकार से मांग किया कि गन्ना का दाम 550 रुपए प्रति क्विंटल दिया जाए। चीनी मिलों में प्रबंधन द्वारा किए जा रहे घटतौली पर कानूनी कार्रवाई किया जाए ।चीनी निकालने के बाद गन्ना से बनने वाले खाद, इथेनॉल, बिजली आदि बायो प्रोडक्ट के मुनाफे का आधा हिस्सा गन्ना किसानों को दिया जाय। 5 सदस्यीय प्रतिनिधि मण्डल अंचलाधिकारी से मिलकर 8 सूत्री मांग पत्र दिया।जिसमें मुस्तकीम साई,रशीद मियां, सदरे आलम,झौरी देवी,छठू भगत,शिवजी राम,महावीर राम,कैलाश यादव,सुदामा भगत आदि शामिल थे।


