लोन रिकवरी एजेंट की अमानवीय हरकत से बीमार बच्ची की मौत आक्रोशित ग्रामीणों ने किया सड़क जाम
लोन रिकवरी एजेंट की अमानवीय हरकत से बीमार बच्ची की मौत आक्रोशित ग्रामीणों ने किया सड़क जाम
जे टी न्यूज, मुरलीगंज/मधेपुरा:
थाना क्षेत्र के मीरगंज में शनिवार को लोन रिकवरी एजेंट के कथित अमानवीय व्यवहार के कारण इलाजरत एक बच्ची की मौत हो गई। मृतका की पहचान पूर्णिया जिला के बोराराही वार्ड संख्या 2 निवासी अंशु कुमारी (10) के रूप में हुई है। परिजनों ने बताया कि अंशु कुमारी की तबीयत खराब थी, जिसके इलाज के लिए उसे मुरलीगंज के डॉ. वी.एन. विश्वास के पास लाया गया था। डॉक्टर ने हालत गंभीर देखते हुए उसे मधेपुरा रेफर कर दिया। इसी दौरान रास्ते में कुछ लोग खुद को लोन रिकवरी एजेंट बताते हुए परिजनों को रोक लिया। उनका आरोप था कि बाइक का किश्त बाकी है, जब तक बकाया राशि जमा नहीं करेंगे, तब तक जाने नहीं देंगे। परिजनों के अनुसार, इलाज कराने के बाद भुगतान करने का आग्रह करने के बावजूद एजेंट नहीं माने और उन्हें मीरगंज ले जाकर बंधक बना लिया। यहां 3 घंटे तक रोककर 16 हजार रुपये की मांग की गई। इस दौरान फोन-पे के माध्यम से 1 हजार रुपये देने के बावजूद उन्हें छोड़ा नहीं गया। इलाज में देरी और तनाव के बीच बच्ची ने दम तोड़ दिया। घटना की जानकारी मिलते ही आरोपी एजेंट मौके से फरार हो गया।घटना के बाद मृतका के परिजनों और स्थानीय लोगों ने मुरलीगंज–पूर्णिया मुख्य मार्ग को मीरगंज हीरो शो-रूम के पास जाम कर करीब दो घंटे तक जोरदार प्रदर्शन किया। आक्रोशित लोगों का कहना था कि लोन रिकवरी एजेंट खुलेआम मनमानी कर रहे हैं और पुलिस प्रशासन इस पर कार्रवाई नहीं कर रहा है। सूचना मिलते ही मुरलीगंज थानाध्यक्ष अजीत कुमार दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और समझा-बुझाकर जाम हटवाया। थानाध्यक्ष ने कहा कि आवेदन मिलने पर मामले की जांच कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।



