सीपीआईएम के संस्थापक सदस्यों में से एक माकपा के नवरत्नों में से एक का. ज्योति बसु थे
सीपीआईएम के संस्थापक सदस्यों में से एक माकपा के नवरत्नों में से एक का. ज्योति बसु थे
जे टी न्यूज, बेतिया: प्रखर मार्क्सवादी विचारक, ऐतिहासिक जिम्मेदारियों का प्रतीक,कुशल रणनीतिकार,प्रख्यात जन नेता, प्रकांड विद्वान, आदम्भय साहसी,सरल स्वभाव रखने वाले स्वतंत्रता सेनानी,सीपीआईएम के संस्थापक सदस्यों में से एक,माकपा के नवरत्नों में से एक का. ज्योति बसु थे।वे अपने जीवन के साढ़े तीन साल आजादी की लड़ाई में जेल में गुजार दी।वे1977 में पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री बने। वाम मोर्चा के नेतृत्व में 24 साल तक मुख्यमंत्री रहे।उन्होंने अपनी स्वास्थ्य सम्बन्धी कारणों से मुख्यमंत्री से इस्तीफा दे दिए। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी को आगे बढ़ाते रहे।का. ज्योति बसु की मृत्यु के बाद उनका पार्थिव शरीर बच्चों की पढ़ाई के लिए मेडिकल कॉलेज को समर्पित कर दिये।वैसे महान मार्क्सवादी योद्धा को विनम्र श्रद्धांजलि और लाल सलाम।




