इलेक्ट्रिक वाहनों पर जीएसटी अब 12% के बजाय 5% फीसदी देना होगा, होगी पैसे की अब बचत:- *राजेश कुमार वर्मा।* समाचार सम्पादक रमेश शंकर झा/आदित्य रॉय की रिपोर्ट, समस्तीपुर बिहार।

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समाचार सम्पादक रमेश शंकर झा/आदित्य रॉय की रिपोर्ट
समस्तीपुर बिहार।

समस्तीपुर:-  जिले में  व्यासायिक उपभोक्ताओं के सहायतार्थ आयकर एंव जीएसटी सहायता केंद्र ए टू जेड सोल्यूशन प्वाइंट के निदेशक राजेश कुमार वर्मा ने प्रेस को एक वार्ता में बताया की वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) परिषद ने इलेक्ट्रिक वाहनों और इलेक्ट्रिक वाहन चार्जर पर जीएसटी को कम कर पांच प्रतिशत करने का निर्णय लिया है।

जिससे व्यावसायियों ने सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया है। इनलोगों के साथ ही आम उपभोक्ताओं में खूशी देखी जा रही है। उन्होंने आगे कहा की जीएसटी परिषद की शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हुई 36वीं बैठक में ये निर्णय लिया गया है। वहीँ वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में जीएसटी परिषद की इस दूसरी बैठक में स्थानीय निकायों को इलेक्ट्रिक बसों को किराये पर लेने वाले जीएसटी से मुक्त कर दिया गया।

आपको बतादें की जीएसटी काउंसिल की 36वीं बैठक पहले 25 जुलाई को दोपहर 3.30 बजे होनी तय हुई थी, लेकिन इस दिन वित्त मंत्री के संसद में व्यस्त होने के कारण बैठक को री- शेड्यूल किया गया।

उन्होंने बताया कि अभी इलेक्ट्रिक वाहनों पर 12 प्रतिशत और चार्जर पर 18 प्रतिशत जीएसटी है। यानी अगर आप 10 लाख रुपए कीमत की इलेक्ट्रिक कार खरीदते हैं तो 1अगस्त से इलेक्ट्रिक व्हीकल पर अब आपको 70 हजार रुपए की बचत होगी, यानी 7 फीसदी कम जीएसटी देना होगा।

अगर आप 1 लाख रुपए की कीमत वाली इलेक्ट्रिक दूपहिया वाहन खरीदते हैं तो आपको 7 हजार रुपए की बचत होगी। वहीं बाढ़ की विभिषिका को देखते हुऐ व्यावसायिक को तिमाही विवरणी दाखिल करने में होने वाली कठिनाइयों को देखते हुऐ जीएसटी काउंसिल की बैठक में तिमाही रिटर्न भरने की आखिरी तारीख को 31 जुलाई से बढ़ाकर 31 अगस्त कर दिया गया है।

जिससे व्यवासायिक को अब 31 अगस्त तक अपनी विवरण दाखिल करना होगा और 31 जुलाई के बाद लगने वाले जुर्माना नहीं देना होगा।

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