दिल्ली एन सी आर मजदूरों पर जानलेवा हमले के विरुद्ध पुतला दहन
दिल्ली एन सी आर मजदूरों पर जानलेवा हमले के विरुद्ध पुतला दहन

जे टी न्यूज, बेतिया: भारतीय ट्रेड यूनियन केंद्र (सीटू) द्वारा आज मीना बाजार स्थित सीटू कार्यालय से मजदूरों का मार्च निकाला गया और सोवा बाबू चौक पर सभा की गई और प्रधानमंत्री का पुतला जलाया गया।
इस अवसर पर बोलते हुए बिहार राज्य रिक्शा मजदूर सभा के अध्यक्ष प्रभुराज नारायण राव ने बताया कि पूरे दिल्ली एन सी आर में केंद्र सरकार और उसकी हरियाणा तथा उत्तर प्रदेश की डबल इंजन की सरकार द्वारा लगातार मजदूरों पर हमले हो रहे हैं। उनके घरों पर छापे पड़ रहे हैं। परिवार के लोगों को डराने धमकाने का काम हो रहे हैं और किसी भी तरीके से आंदोलन में मजदूर शामिल नहीं हो।उनके जनतांत्रिक अधिकारों को छीनने का काम किये जा रहे हैं। जब नोएडा और गुड़गांव में वाजिब मजदूरी के सवाल पर मजदूरों का बड़े पैमाने पर स्वत:स्फूर्त आंदोलन हुए।तो औद्योगिक घरानों के कानो तक आवाज गई कि अब मजदूर 26 हजार रुपए प्रति माह न्यूनतम मजदूरी की मांग कर रहे हैं। 8 घंटे काम के अधिकार के लिए संघर्ष पर उतारू है। इतना ही नहीं मजदूरों को मिलने वाले सभी सुविधाओं की मांग कर रहे हैं। इसके पहले सीटू ने कई बार अपने आंदोलन के माध्यम से इन मांगों को उठाया। लेकिन सरकार तथा प्रशासन के सहयोग से औद्योगिक घरानों ने मांगों को हमेशा ठुकराने का काम किया है । पूरे दिल्ली एनसीआर में मजदूरों के अंदर मजदूरी के सवाल पर इतने बड़े अंतर हैं ।जिसको ज्यादा दिनों तक बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। जब दिल्ली में 18 हजार रुपए न्यूनतम मजदूरी है। तो नोएडा में 12 हजार और गुड़गांव में 13 हजार रुपए क्यों है। सरकारें मजदूरी की इस खाई को मिटाने का कार्य नहीं कर रही है। यही कारण है कि आज दिल्ली एनसीआर में मजदूरों की आवाज वर्ग संघर्ष के आधार पर दिखने लगी है।
सीटू के पश्चिम चंपारण के जिला सचिव शंकर कुमार राव ने बताया कि नोएडा जिला के सीटू के अध्यक्ष गंगेश्वर दत्त शर्मा ,जिला सचिव राम स्वार्थ तथा अन्य सीटू के नेताओं को हाउस अरेस्ट करके रखा गया है। पुलिस की संगीनों से मजदूरों के जायज मांगों को दबाने का काम किया जा रहा है।
सीटू नेता प्रकाश कुमार वर्मा, मो . हनीफ तथा सुशील श्रीवास्तव ने कहा कि नोएडा के पूर्व सीटू नेता मदन प्रसाद जो अपने घर बैरिया में हैं।उनको 2 बजे रात्री में नोएडा पुलिस मोबाइल से धमकी दिया गया।जो वर्षों से अपने घर पर रह रहे हैं।लग रहा है कि देश में आपातकाल लागू कर मजदूरों के आंदोलन और अभिव्यक्ति के अधिकारों को छीना जा रहा है।

बिहार राज्य किसान सभा के कार्यकारिणी के सदस्य चांदसी प्रसाद यादव ने पुलिस तथा उद्योगपतियों के इस मजदूर विरोधी कार्रवाई की कड़ी शब्दों में निंदा करते हुए मजदूरों के वाजिब मांगों को अविलंब पूरा करने की मांग की है।
पुतला दहन में का. म. वहीद, योगेन्द्र प्रसाद, दोवा हकीम, आस महमद,छोटेलाल
