किसानों, मजदूरों का 10 अगस्त जेलभरो आंदोलन ऐतिहासिक होगा
किसानों, मजदूरों का 10 अगस्त जेलभरो आंदोलन ऐतिहासिक होगा

जे टी न्यूज, बेतिया: बिहार राज्य किसान सभा की पश्चिम चंपारण जिला कौंसिल, बिहार प्रांतीय खेतिहर मजदूर यूनियन की जिला कमिटी तथा भारतीय ट्रेड यूनियन केंद्र (सीटू) के नेतृत्वकारी साथियों की संयुक्त बैठक रिक्शा मजदूर सभा भवन में हुई। बैठक को संबोधित करते हुए अखिल भारतीय किसान सभा के केंद्रीय किसान कमिटी के सदस्य प्रभुराज नारायण राव ने बताया कि आज पूरे देश में मोदी सरकार द्वारा किसान विरोधी ,खेत मजदूर विरोधी, ट्रेड यूनियन मजदूर विरोधी ,नौजवानों तथा छात्रों के विरुद्ध लगातार काम कर रही है। देश के किसानों के समस्याओं के समाधान के बदले भारत अमेरिका कृषि समझौता (एफ टी ए) को लागू करने का निर्णय ले लिया है।जिसके अनुसार अमेरिका का कृषि उत्पादित अनाज भारत में सस्ते दर पर बिकेगा और भारत के किसानों द्वारा उत्पादित सामान महंगा होगा। उसके चलते भारत के किसान खेती छोड़ देने को दिवस हो जाएंगे और सारी जमीन मोदी सरकार कॉर्पोरेट के हाथों में दे देंगे।उन्होंने बताया कि मोदी सरकार मनरेगा कानून को समाप्त कर देने की नीयत से ही वी बी जी ग्राम जी योजना को सामने लाई है ।उन्होंने बताया चार श्रम संहिताएं देश के मजदूरों के साथ धोखा है। उनको गुलाम बनाने की योजना है ।इसके खिलाफ राष्ट्रीय स्तर पर 10 अगस्त को जेल भरो आंदोलन चलाया जाएगा।1942 में अंग्रेजों भारत छोड़ो आंदोलन हुआ था और अंग्रेजों को भागना पड़ा था।उसी तरह 10 अगस्त 2026 में जन विरोधी मोदी सरकार गद्दी छोड़ो आंदोलन शुरु किया जायेगा। इस संयुक्त कार्यक्रम को व्यापक बनाने के लिए 22 जुलाई को पश्चिम चम्पारण जिला स्तरीय कन्वेंशन किया जाएगा तथा भारत अमेरिका समझौता के खिलाफ प्रधानमंत्री का पुतला जलाया जाएगा।
बैठक में बिहार राज्य किसान सभा के कार्यकारिणी सदस्य चांदसी प्रसाद यादव,जिला सचिव प्रकाश कुमार वर्मा,खेतिहर मजदूर यूनियन के जिला सचिव प्रभुनाथ गुप्ता, अध्यक्ष म. हनीफ ,सीटू के जिला सचिव शंकर कुमार राव आदि ने अपने विचारों को रखा।अध्यक्षता बिनोद कुमार नरुला ने की।
