जंतर-मंतर आंदोलन की जीत पर सासाराम l😭में गूंजा ‘विजय दिवस’ छात्र शक्ति के समर्थन में उतरी भाकपा छात्रों की एकता से झुकी सरकार झूठे मुकदमे वापस लेकर छात्रों को रिहा करे सरकार
जंतर-मंतर आंदोलन की जीत पर सासाराम में गूंजा ‘विजय दिवस’ छात्र शक्ति के समर्थन में उतरी भाकपा
छात्रों की एकता से झुकी सरकार झूठे मुकदमे वापस लेकर छात्रों को रिहा करे सरकार

जे टी न्यूज़, सासाराम(रोहतास) : भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी(भाकपा)रोहतास जिला परिषद के तत्वावधान में रविवार को सासाराम में जंतर-मंतर पर हुए छात्र-युवा आंदोलन की सफलता के उपलक्ष्य में ‘विजय दिवस’ मनाया गया। इस अवसर पर पार्टी कार्यकर्ताओं एवं समर्थकों ने विजय जुलूस निकालकर छात्र शक्ति की एकजुटता और संघर्ष को सलाम किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाकपा नेता महेंद्र प्रसाद गुप्ता ने कहा कि जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी के अध्यक्ष अभिजीत दिपके, AISF, AIYF तथा अन्य वामपंथी छात्र-युवा संगठनों के साथ महान पर्यावरणविद सोनम वांगचुक के नेतृत्व में हुए आंदोलन ने सरकार को झुकने पर मजबूर कर दिया। नेताओं का आरोप था कि आंदोलन को दबाने के लिए पुलिस द्वारा पैलेट गन और आंसू गैस का प्रयोग किया गया, लेकिन छात्र-युवा पीछे नहीं हटे। सभा में वक्ताओं ने यह भी आरोप लगाया कि बिहार के सिवान में प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा AK-47 से फायरिंग की गई। उन्होंने कहा कि तमाम दमनात्मक कार्रवाइयों के बावजूद आंदोलन जारी रहा और छात्र शक्ति के दबाव में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना पड़ा। भाकपा नेताओं ने कहा कि यह छात्र-युवाओं की लोकतांत्रिक जीत है और इससे साबित हो गया कि संगठित संघर्ष से सरकार को भी अपने फैसले बदलने पड़ते हैं। उन्होंने कहा कि यदि छात्र-युवा इसी तरह संघर्ष करते रहे तो शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार संभव होगा। सभा में बिहार में AIYF के राष्ट्रीय अध्यक्ष रौशन सिन्हा सहित सैकड़ों छात्रों पर दर्ज मुकदमों को झूठा बताते हुए सभी एफआईआर वापस लेने तथा गिरफ्तार छात्रों की तत्काल रिहाई की मांग की गई। कार्यक्रम में भाकपा रोहतास जिला सचिव रघुनाथ सिंह, जिला सचिव मंडल सदस्य महेंद्र प्रसाद गुप्ता,भीम सिंह,रूपेश श्रीवास्तव, रविशंकर पासवान,शफीक खान,प्रवीण पासवान,यामीन अहमद,कबीर कलामुद्दीन,रामलाल बैठा,सुग्रीव राम, जयप्रकाश गुप्ता,रमेश गुप्ता,रामसुरेश बैठा सहित सैकड़ों कार्यकर्ता एवं समर्थक उपस्थित रहें।

