कर्पूरी ठाकुर को अपमानित करने के खिलाफ भारतीय नाई समाज ने निकाला प्रतिरोध मार्च
भारतीय नाई समाज ने दिया धरना दोषी को जल्द गिरफ्तारी करने की किया मांग
कर्पूरी ठाकुर को अपमानित करने के खिलाफ भारतीय नाई समाज ने निकाला प्रतिरोध मार्च भारतीय नाई समाज ने दिया धरना दोषी को जल्द गिरफ्तारी करने की किया मांग
जे टी न्यूज, खगड़िया: बेगूसराय में बछवारा के रुदौली गांव में कर्पूरी चौक पर जननायक भारत रत्न कर्पूरी ठाकुर के प्रतिमा के चेहरे पर सामंतवादी सोच के असामाजिक तत्वों द्वारा पिरकी फेक कर अपमानित करने के खिलाफ हरहरमहादेव चौक से हड़ताली चौक तक भारतीय नाई समाज द्वारा प्रतिरोध मार्च निकालकर हड़ताली चौक पर सभा व एक दिवसीय धरना का आयोजन किया गया गया, सभा की अध्यक्षता अध्यक्षता भारतीय नाई समाज के जिला अध्यक्ष सह पूर्व वार्ड पार्षद उमेश ठाकुर व संचालन जिला कार्यकारी अध्यक्ष रामशंकर ठाकुर उर्फ़ रामू ठाकुर ने किया। प्रदेश उपाध्यक्ष उमेश ठाकुर, प्रांतीय मिडिया प्रभारी पाण्डव कुमार ने कहा कि आज भी मनुवादी सामंतवादी विचारधारा वाले असामाजिक तत्व पूरे देश में कर्पूरी ठाकुर, डॉ आंबेडकर, गांधी जी को अपमानित करने पर तुले हुए हैं। उन्होंने कहा भारत रत्न कर्पूरी ठाकुर पर पिरकी फेक अपमानित करने का अर्थ हैं,कर्पूरी ठाकुर को मानने वाले सम्पूर्ण लोगों को अपमानित करना। जननायक कर्पूरी ठाकुर बिहार के दो बार मुख्यमंत्री पद पर रहकर गरीब लोगों के लिए मसीहा बनकर प्रदेश के विकास में अहम भूमिका निभाए थे। ऐसे महापुरुष का अपमान काफ़ी निंदनीय हैं।
सहरसा जिला में भी कुछ महीने पूर्व कर्पूरी ठाकुर के नाम से चौक का शिलान्यास किया गया स्थल बन भी गया जब प्रतिमा लगाने की बात आई तो सामन्तवादी सोच के लोगों ने शिलान्यास पट को तोड़कर हटा दिया तथा मानसिकता से ग्रसित होकर अन्य बोर्ड को उक्त स्थल पर स्थापित कर दिया।
जिलाध्यक्ष सह पूर्व वार्ड पार्षद उमेश ठाकुर,जिला कार्यकारी अध्यक्ष रामशंकर ठाकुर ने कहा पूर्व मुख्यमंत्री कर्पूरी ठाकुर केवल जात के नहीं बल्कि सम्पूर्ण जातिवर्ग के समाजवादी नेता थे। वे राजनीती भी समाजिक विचार को देखते हुए गरीब व पीड़ित के लिए कार्य किये जिसके कारण उन्हें जननायक की उपाधी मिली थी। वर्तमान में केंद्र सरकार द्वारा भारत रत्न से सम्मानित किया गया। ऐसे महापुरुष का अपमान का अर्थ हैं केंद्र सरकार का अपमान सम्पूर्ण समाजिक महापुरुष का अपमान। उन्होंने कहा कर्पूरी ठाकुर के मरणोपरांत आज भी 38 साल बाद भी सामंतवादियों ने उनके लोकप्रियता व सम्मान से ईर्ष्या कर रही है। जननायक कर्पूरी ठाकुर का सम्मान जब तक सूरज चांद रहेगा कर्पूरी ठाकुर का नाम अजर अमर रहेगा। सभा में खगड़िया जिला उपाध्यक्ष रामजी ठाकुर, केदार नाथ भाष्कर, अनिल कुमार अंजान, योगाचार्च गुड़ाकेश कुमार, जिला संरक्षक रामबालक ठाकुर, जिला उपाध्यक्ष रवि कुमार प्रेम, जिला सचिव रंजीत ठाकुर, जिला कोषाध्यक्ष असर्फी ठाकुर, उमेश पटेल, रामप्रताप ठाकुर, अमित ठाकुर, राम उदगार ठाकुर, अमित कुमार, राजकिशोर शर्मा, कृष्ण कन्हैया, अर्जुन ठाकुर, सोनेलाल शाह, अशोक ठाकुर, विनदेशवरी ठाकुर, रामलगन ठाकुर, रामसुंदर पासवान, नथो ठाकुर, रामाधार पासवान, संजीत ठाकुर, जनार्दन कुमार, शिवशंकर पासवान, पप्पू ठाकुर, अदालत ठाकुर, अमन कुमार, सोनू कुमार, नारायण ठाकुर, आकाश ठाकुर, राजेश ठाकुर, बमबम ठाकुर, राजाराम ठाकुर, कुंदन कुमार, विकास ठाकुर आदि सेकड़ो व्यक्तियों ने सम्बोधित करते हुए इस कार्य व अपमान को घृणित बताते हुए जिला प्रसाशन से असमाजिक तत्व के लोगों कि गिरफ्तारी कि मांग किये साथ ही प्रतिमा सुरक्षा कि मांग भी की गई। वक्ताओं ने कहा कर्पूरी ठाकुर हर जाति, हर वर्ग के जनजन के नेता थे। यदि उनका सम्मान नहीं किया गया तो बड़ी से बड़ी आंदोलन किया जाएगा।
वक्ताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं ने उक्त स्थल के सीसीटीवी कैमरा का फुटेज खंगाल कर असामाजिक तत्वों की गिरफ्तारी जल्द करने, कड़ी सजा कार्रवाई करने की मांग किया है अन्यथा पूरे प्रदेश व देश में सामंतवादी विचारधारा के असामाजिक तत्वों के खिलाफ आंदोलन तेज किया जाएगा। धरना सभा के बाद जिला कमिटी द्वारा मांग पत्र जिला पदाधिकारी को दिया गया।
