जिलाधिकारी विक्रम वीरकर की अध्यक्षता में समन्वय बैठक आयोजित
जिलाधिकारी विक्रम वीरकर की अध्यक्षता में समन्वय बैठक आयोजित

जे टी न्यूज, खगड़िया: जिलाधिकारी विक्रम वीरकर की अध्यक्षता में समन्वय बैठक आयोजित की गई। बैठक में विधि-व्यवस्था सहित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों की समीक्षा की गई। इस दौरान सूखा नशा एवं स्मैक के बढ़ते प्रचलन को रोकने तथा इसके कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने को विशेष प्राथमिकता देते हुए विस्तृत समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने कहा कि सूखा नशा एक गंभीर सामाजिक समस्या का रूप लेता जा रहा है। इसके सेवन एवं कारोबार पर रोक लगाने के लिए पुलिस, प्रशासन एवं स्थानीय जनप्रतिनिधियों के बीच बेहतर समन्वय के साथ त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
इस क्रम में जिलाधिकारी द्वारा निम्नलिखित निर्देश दिए गए—
ग्राम एवं वार्ड सदस्यों के साथ वार्डवार बैठक कर ऐसे स्थानों की पहचान की जाए, जहां नशीले पदार्थों के सेवन अथवा इससे संबंधित गतिविधियों की संभावना है। चिन्हित स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाए।
ऐसे पुराने, सुनसान एवं जर्जर भवनों, जहां नशीले पदार्थों के सेवन की शिकायत अथवा संभावना है, वहां पर्याप्त प्रकाश की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि इन स्थानों का दुरुपयोग रोका जा सके।
चिन्हित संवेदनशील स्थानों पर पुलिस द्वारा लगातार गश्ती एवं निगरानी सुनिश्चित की जाए तथा संदिग्ध गतिविधियां पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई की जाए।
बिना पंजीकरण संचालित किए जा रहे नशा मुक्ति केंद्रों की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
नशीले पदार्थों की बिक्री एवं आपूर्ति में संलिप्त व्यक्तियों की पहचान कर उनके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए। नशे के कारोबार से जुड़े लोगों पर विशेष रूप से प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
जिलाधिकारी ने कहा कि सूखा नशा के विरुद्ध कार्रवाई को केवल नशा सेवन करने वालों तक सीमित न रखते हुए इसके पूरे तंत्र पर प्रहार किया जाए। सभी संबंधित पदाधिकारी आपसी समन्वय के साथ त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें, ताकि जिले में सूखा नशा के प्रसार को प्रभावी रूप से कम किया जा सके।

बैठक में सेवांत लाभ से संबंधित लंबित मामलों की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने सभी संबंधित निकासी एवं व्ययन पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि अपने अधीन कर्मियों के सेवांत लाभ से संबंधित लंबित मामलों का निष्पादन बुधवार तक अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करें। जिन पदाधिकारियों के अधीन सेवांत लाभ से संबंधित मामले लंबित पाए जाएंगे, उनके वेतन के संबंध में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
इसके साथ ही आपदा में मृत व्यक्तियों के आश्रितों को देय सहायता राशि का तत्काल भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया, ताकि प्रभावित परिवारों को समय पर आवश्यक सहायता उपलब्ध हो सके।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा तथा सभी पदाधिकारी निर्धारित समय-सीमा के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित करें।
