*किसान सभा का पश्चिम चम्पारण जिला सम्मेलन में होगा*
*किसान सभा का पश्चिम चम्पारण जिला सम्मेलन में होगा*
*पश्चिम चम्पारण के किसान वोट चोरी नहीं होने देंगे*
बेतिया।बिहार राज्य किसान सभा की पश्चिम चंपारण जिला किसान कौंसिल की बैठक रिक्शा मजदूर सभा भवन , बेतिया में हुई।बैठक को संबोधित करते हुए बिहार राज्य किसान सभा के उपाध्यक्ष तथा केंद्रीय किसान कमेटी के सदस्य प्रभुराज नारायण राव ने बताया कि अखिल भारतीय किसान सभा की केंद्रीय किसान कमिटी कन्नूर ,केरल की बैठक में निर्णय लिया कि किसान सभा के सभी पंचायत ,अंचलों ,जिला कौंसिल तथा राज्य काउंसिलों का सम्मेलन दिसंबर तक पूरा कर लेना है ।अखिल भारतीय किसान सभा का राष्ट्रीय सम्मेलन फरवरी 2026 में आंध्र प्रदेश में होगा।

इस रोशनी में दो और तीन अगस्त को बिहार राज्य किसान सभा की बैठक जमाल रोड पटना में हुई ।बैठक में अखिल भारतीय अध्यक्ष अशोक ढवले भी मौजूद थे। राज्य किसान काउंसिल बिहार में होने वाले विधान सभा चुनाव को देखते हुए यह निर्णय लिया कि सितंबर माह में बिहार के सभी पंचायत का सम्मेलन ,आंचल सम्मेलन तथा जिला सम्मेलन कर लिया जाए। राज्य सम्मेलन विधानसभा चुनाव के बाद किया जाएगा।
बिहार में वर्षा कम होने से फसल को भारी नुकसान पहुंचा है धान और गन्ना की फसलें कई जिलों में सूख गए हैं। पश्चिम चंपारण जिले में भी सुखाड़ का असर पड़ा है ।लेकिन अभी तक किसानों को फसल हर्जाना नहीं दिया गया है ।
उन्होंने कहा कि केंद्र और बिहार सरकार की किसान विरोधी नीति के चलते किसानों को भारी संकट का सामना कर करना पड़ रहा है। बिहार में कृषि आधारित उद्योग लगाने की जरूरत है ।जो सरकार नहीं कर रही है ।जिसके चलते नौजवानों का पलायन जारी है ।29 चीनी मील बिहार में थी। जिसमें से मात्र 9 चीनी मिलें चल रही है।
उन्होंने कहा कि बिहार से बाहर काम करने वाले नौजवानों का नाम मतदाता सूची से बड़े पैमाने पर काटा गया है।अबतक 65 लाख से ज्यादा मतदाताओं का नाम काट दिया है।जिसकी संख्या और बढ़ेगी।इस तरह चुनाव आयोग भाजपा के एजेंट के रुप में काम कर रहा है।वह वोट चोरी कर भाजपा को जितना चाहता है।बिहार के किसान इनके मंसूबों को सफल नहीं होने देंगे।

उन्होंने बताया कि केंद्रीय सरकार द्वारा जी एस टी के चार स्लैब से दो स्लैब में लाने से किसानों को थोड़ा लाभ कृषि औजारों की खरीददारी में होगा।लेकिन किसानों को फसल में लागत का डेढ़ गुना दाम सरकार नहीं दे रही है।उन्होंने धान पर 3150 रुपए प्रति क्विंटल एम एस पी की मांग तथा 550 रुपए प्रति क्विंटल गन्ना का मूल्य निर्धारित करने की मांग की।
बैठक में जिला सचिव हरेंद्र प्रसाद ने पिछले दिनों की गतिविधियों का अपना प्रतिवेदन रखा।जिस पर जिला कौंसिल के चांदसी प्रसाद यादव,शिवशंकर पाण्डेय ,शिवनाथ राय,सुनील यादव,काशी साह,रामायण शर्मा,पारस बैठा,भारत शर्मा आदि साथियों ने अपने विचार रखे।बैठक की अध्यक्षता रामा यादव ने की।

