ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय अंतर-महाविद्यालय महिला कबड्डी प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ
- ’ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय अंतर-महाविद्यालय महिला कबड्डी प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ

जे टी न्यूज, दरभंगा: ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय, दरभंगा की पी०जी० एथलेटिक्स एसोसिएशन के तत्वावधान में आज विश्वविद्यालय अंतर-महाविद्यालय महिला कबड्डी प्रतियोगिता का शुभारंभ हर्षोल्लास के वातावरण में हुआ। प्रतियोगिता के उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में वाणिज्य संकाय के संकायाध्यक्ष प्रो एच.के. सिंह उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में विश्वविद्यालय के भू-संपदा पदाधिकारी डॉ कामेश्वर पासवान तथा विश्वविद्यालय के खेल पदाधिकारी अमृत कुमार झा ने शिरकत की। उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता विज्ञान संकाय के संकायाध्यक्ष प्रो दिलीप कुमार चौधरी ने की।
कार्यक्रम का शुभारंभ पी०जी० एथलेटिक्स की अध्यक्ष डॉ प्रियंका राय द्वारा मंचासीन अतिथियों को पाग, चादर एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित करने से हुआ। इसके पश्चात डॉ राय ने स्वागत संबोधन प्रस्तुत करते हुए मंचासीन सभी अतिथियों का हार्दिक अभिनंदन किया तथा विभिन्न महाविद्यालयों से प्रतियोगिता हेतु आए हुए प्रबंधकों एवं प्रशिक्षकों का भी विशेष स्वागत किया, जिससे कार्यक्रम की शुरुआत ही आत्मीय एवं उत्साहवर्धक रही। आयोजन सचिव डॉ प्रियंका राय ने इस अवसर पर जानकारी दी कि इस वर्ष की प्रतियोगिता में कुल सत्रह महाविद्यालयों की टीमें भाग ले रही हैं, जिनमें एम.आर.जे.डी. कॉलेज, बेगूसराय (गत वर्ष का विजेता), एस.बी.एस.एस. कॉलेज, बेगूसराय (गत वर्ष का उप-विजेता), के.एस. कॉलेज, दरभंगा, बी.आर.बी. कॉलेज, समस्तीपुर, महिला कॉलेज, समस्तीपुर, एम.आर.एम. कॉलेज, दरभंगा, जे.एम.डी.पी.एल. कॉलेज, मधुबनी, डी.बी. कॉलेज, जयनगर, आर.बी.एस. कॉलेज, अंदौर, जी.डी. कॉलेज, बेगूसराय, मिल्लत कॉलेज, दरभंगा, एम.एल.एस.एम. कॉलेज, दरभंगा, आर.बी. कॉलेज, दलसिंहसराय, सी.एम. कॉलेज, दरभंगा, आर.सी.एस.एस. कॉलेज, बिहट, बेगूसराय तथा सी.एम. साइंस कॉलेज, दरभंगा प्रमुख रूप से शामिल हैं। उन्होंने कहा कि गत वर्ष के विजेता एवं उप विजेता महाविद्यालयों की उपस्थिति ने इस बार की प्रतियोगिता को और भी प्रतिस्पर्धी एवं रोचक बना दिया है। विश्वविद्यालय के भू-संपदा पदाधिकारी डॉ कामेश्वर पासवान ने अपने उद्बोधन में विश्वविद्यालय द्वारा महिला कबड्डी के क्षेत्र में निरंतर की जा रही उपलब्धियों की भूरि-भूरि सराहना करते हुए सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया और उन्हें आगे भी इसी तरह उत्कृष्ट प्रदर्शन जारी रखने हेतु प्रेरित किया। इसके उपरांत विश्वविद्यालय के खेल पदाधिकारी अमृत कुमार झा ने अपने संबोधन में कबड्डी खेल के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह खेल न केवल शारीरिक क्षमता, वरन मानसिक दृढ़ता, त्वरित निर्णय-क्षमता एवं टीम भावना का भी सर्वोत्तम उदाहरण है। उन्होंने विश्वविद्यालय की छात्राओं द्वारा हाल के वर्षों में कबड्डी में राज्य एवं अंतर- विश्वविद्यालय स्तर पर प्राप्त उल्लेखनीय उपलब्धियों का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि यह प्रतियोगिता ऐसी ही प्रतिभाओं को और आगे लाने का सशक्त मंच है। उन्होंने सभी खिलाड़ियों को हार्दिक शुभकामनाएँ एवं बधाइयाँ प्रेषित करते हुए भविष्य में और बेहतर प्रदर्शन की आशा व्यक्त की। मुख्य अतिथि प्रो एच.के. सिंह ने अपने संबोधन में कबड्डी खेल की विशिष्टता पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि इस खेल में निहित साहस अद्वितीय एवं अदम्य है- एक खिलाड़ी अपने प्रतिपक्षी के क्षेत्र में स्वयं प्रवेश करता है, उसे मात देता है और तत्पश्चात सकुशल अपने क्षेत्र में लौट आता है। प्रो सिंह ने कहा कि सामान्यतः समाज में “भागने” या पीछे हटने को कायरता की संज्ञा दी जाती है, परंतु कबड्डी के संदर्भ में यही क्रिया वस्तुतः शौर्य एवं अदम्यता का प्रतीक बन जाती है, क्योंकि यह पलायन नहीं, बल्कि प्रतिपक्षी के गढ़ में जाकर विजय प्राप्त करने के उपरांत सम्मानपूर्ण वापसी है। उनके इस विचारोत्तेजक कथन ने उपस्थित सभी खिलाड़ियों एवं दर्शकों को गहराई से प्रभावित किया। उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता कर रहे प्रो दिलीप कुमार चौधरी ने अपने अध्यक्षीय वक्तव्य में कहा कि जब कोई खिलाड़ी मैदान में उतरता है तो वह न केवल खेल-भावना का जीवंत परिचय देता है, बल्कि यह भी प्रमाणित करता है कि वह मात्र अपने व्यक्तिगत गौरव के लिए नहीं, अपितु अपने संबंधित महाविद्यालय एवं विश्वविद्यालय के मान-सम्मान तथा गौरव-गाथा को आगे बढ़ाने के उदात्त उद्देश्य से खेल रहा है। कार्यक्रम के दौरान सभी मंचासीन अतिथियों ने विभिन्न महाविद्यालयों से आई हुई खिलाड़ियों के मध्य जाकर उनसे आत्मीय वार्तालाप किया। इस अवसर पर एक स्नेहपूर्ण मिलन-समारोह का भी आयोजन हुआ, जिससे खिलाड़ियों में उल्लास एवं उत्साह की लहर दौड़ गई तथा उन्हें अतिथियों का सीधा मार्गदर्शन एवं प्रोत्साहन प्राप्त हुआ। प्रतियोगिता की इस कड़ी में एक रोचक एवं प्रतिस्पर्धात्मक मैत्री मैच जी०डी० कॉलेज, बेगूसराय तथा मिल्लत कॉलेज, दरभंगा की टीमों के मध्य खेला गया, जिसने उपस्थित दर्शकों एवं खेल-प्रेमियों का मन मोह लिया और प्रतियोगिता के आकर्षण में और वृद्धि की।

कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद ज्ञापन खेल एवं संस्कृति विभाग के मनीष राज द्वारा किया गया। उन्होंने विभिन्न महाविद्यालयों से आए हुए प्रबंधकों, प्रशिक्षकों, मंचासीन अतिथिगण, चयन कर्ताओं तथा उपस्थित मीडिया बंधुओं- सभी के प्रति खेल परिवार की ओर से हार्दिक धन्यवाद ज्ञापित किया।


