सिलाई-कटाई प्रशिक्षण से आत्मनिर्भर बनेंगी जीविका दीदियां, आर्थिक सशक्तीकरण को मिलेगा बढ़ावा
जिला कटिंग एवं सिलाई केंद्र में विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का डीपीएम नीलकमल चौधरी ने किया शुभारंभ
सिलाई-कटाई प्रशिक्षण से आत्मनिर्भर बनेंगी जीविका दीदियां, आर्थिक सशक्तीकरण को मिलेगा बढ़ावा
जिला कटिंग एवं सिलाई केंद्र में विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम का डीपीएम नीलकमल चौधरी ने किया शुभारंभ
जे टी न्यूज, मधेपुरा:
महिलाओं को कौशलयुक्त बनाकर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में जिला कटिंग एवं सिलाई केंद्र, मधेपुरा में जीविका स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी दीदियों के लिए विशेष सिलाई प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ मंगलवार को जीविका के जिला परियोजना प्रबंधक नीलकमल चौधरी ने किया।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि सिलाई-कटाई का हुनर ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन का सशक्त माध्यम है। इस प्रशिक्षण के जरिए जीविका दीदियों को आधुनिक परिधान निर्माण में दक्ष बनाया जा रहा है, ताकि वे स्वरोजगार अपनाकर अपनी आय बढ़ाने के साथ परिवार की आर्थिक स्थिति को भी सुदृढ़ कर सकें।
उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद दीदियां विभिन्न प्रकार के परिधानों के निर्माण के साथ बड़े पैमाने पर मिलने वाले कार्यादेश, विशेषकर सरकारी विद्यालयों की यूनिफॉर्म तैयार करने जैसे कार्यों को भी कुशलतापूर्वक पूरा करने में सक्षम होंगी। इससे उनके लिए रोजगार एवं आय के नए अवसर सृजित होंगे।
आधुनिक मशीनों एवं तकनीकों का दिया जा रहा व्यावहारिक प्रशिक्षण
प्रशिक्षण केंद्र में विशेषज्ञ प्रशिक्षकों की देखरेख में जीविका दीदियों को कटिंग, सिलाई, डिजाइनिंग एवं फिनिशिंग का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। आधुनिक सिलाई मशीनों एवं तकनीकों के माध्यम से उन्हें गुणवत्तापूर्ण परिधान निर्माण के लिए दक्ष बनाया जा रहा है।
यह पहल महिलाओं के कौशल विकास, स्वरोजगार संवर्धन एवं स्थायी आजीविका के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इससे ग्रामीण महिलाओं में आत्मविश्वास बढ़ने के साथ उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा।

